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अपराध, दंड व अतिक्रमण — GK Questions in Hindi (प्रश्न उत्तर)

14 प्रश्न
  1. सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण (धारा 245(1)) पर साधारण कारावास कितना है?
    1. 1 माह से 1 वर्ष
    2. 3 माह से 3 वर्ष
    3. 6 माह से 5 वर्ष
    4. 1 से 3 वर्ष
    उत्तर देखें

    उत्तर: (B) 3 माह से 3 वर्ष

    धारा 245(1) — 3 माह से 3 वर्ष, साथ में जुर्माना; विशेष कारण लिखकर अदालत 3 माह से कम भी दे सकती है।

  2. धारा 245(1) में अतिक्रमण पर जुर्माना कितना है?
    1. ₹5,000–10,000
    2. ₹10,000–25,000
    3. ₹30,000–50,000
    4. ₹50,000–1 लाख
    उत्तर देखें

    उत्तर: (C) ₹30,000–50,000

    धारा 245(1) — ₹30,000 से ₹50,000, कारावास के साथ (दोनों)।

  3. अतिक्रमण में ज़ब्ती/जब्ती के आदेश की अपील किसे और कितने समय में की जाती है?
    1. कलेक्टर को 30 दिन में
    2. राज्य सरकार को 60 दिन में
    3. उच्च न्यायालय को 90 दिन में
    4. ज़िला न्यायाधीश को 1 माह में
    उत्तर देखें

    उत्तर: (D) ज़िला न्यायाधीश को 1 माह में

    धारा 245(12) — आदेश की सूचना से 1 माह में उस ज़िले के ज़िला न्यायाधीश को।

  4. धारा 245(19) के अनुसार अतिक्रमण के अपराध की जाँच किस रैंक से नीचे का अधिकारी नहीं कर सकता?
    1. सब-इंस्पेक्टर
    2. इंस्पेक्टर
    3. उपाधीक्षक (DSP)
    4. अधीक्षक (SP)
    उत्तर देखें

    उत्तर: (C) उपाधीक्षक (DSP)

    उपाधीक्षक से नीचे का नहीं; FIR से 3 माह में जाँच पूरी कर रिपोर्ट न्यायालय में दाख़िल करनी होती है।

  5. नगरपालिका की ओर से FIR दर्ज होने के बाद अतिक्रमण-जाँच कितने समय में पूरी होनी चाहिए?
    1. 3 माह
    2. 1 माह
    3. 6 माह
    4. 45 दिन
    उत्तर देखें

    उत्तर: (A) 3 माह

    धारा 245(19) — FIR की तिथि से 3 माह के भीतर।

  6. धारा 245(20) में संभावित अतिक्रमणकर्ता से अच्छे आचरण का बंधपत्र अधिकतम कितनी अवधि के लिए लिया जा सकता है?
    1. 6 माह
    2. 1 वर्ष
    3. 2 वर्ष
    4. 3 वर्ष
    उत्तर देखें

    उत्तर: (B) 1 वर्ष

    मजिस्ट्रेट एक वर्ष तक की अवधि का बंधपत्र ले सकता है; कार्यवाही CMO की आशंका पर।

  7. धारा 245(16) में सड़क पर ईंधन का ढेर अधिकतम कितने दिन रखने दिया जा सकता है?
    1. 3 दिन
    2. 15 दिन
    3. 7 दिन
    4. 1 माह
    उत्तर देखें

    उत्तर: (C) 7 दिन

    त्योहार-समारोह की अस्थायी अनुमति और ईंधन का ढेर 7 दिन से अधिक नहीं।

  8. अनुमति बिना मूर्ति लगाने (धारा 241(2)) पर दंड क्या है?
    1. कारावास 1 माह और जुर्माना ₹5,000
    2. कारावास 3 माह–3 वर्ष और ₹30,000–50,000
    3. केवल जुर्माना ₹10,000–20,000
    4. कारावास 2–6 माह और जुर्माना ₹25,000–50,000
    उत्तर देखें

    उत्तर: (D) कारावास 2–6 माह और जुर्माना ₹25,000–50,000

    धारा 241(2) — साधारण कारावास 2 से 6 माह और जुर्माना ₹25,000 से ₹50,000, दोनों।

  9. जिस उल्लंघन का दंड अधिनियम में कहीं और नहीं दिया गया, उस पर धारा 291 के अनुसार जुर्माना कितना?
    1. ₹500 तक
    2. ₹1,000–2,000
    3. ₹2,000–5,000
    4. ₹5,000–10,000
    उत्तर देखें

    उत्तर: (C) ₹2,000–5,000

    धारा 291 — ₹2,000 से ₹5,000 (2026 में इसे "शास्ति" कहा गया)।

  10. धारा 287 के अनुसार मालिक की चूक पर नगरपालिका द्वारा करवाए काम का प्रशासनिक शुल्क क्या है?
    1. 5%, न्यूनतम ₹500
    2. 10%, न्यूनतम ₹1,000
    3. 10%, न्यूनतम ₹2,000
    4. 15%, कोई न्यूनतम नहीं
    उत्तर देखें

    उत्तर: (B) 10%, न्यूनतम ₹1,000

    ख़र्च का 10%, न्यूनतम ₹1,000; सुधार-व्यय पर 15% वार्षिक ब्याज अलग।

  1. "सुधार व्यय" (धारा 287(1)(ख)) पर ब्याज की दर क्या है?
    1. 15% वार्षिक
    2. 12% वार्षिक
    3. 10% वार्षिक
    4. 18% वार्षिक
    उत्तर देखें

    उत्तर: (A) 15% वार्षिक

    सुधार-व्यय भवन/भूमि पर भार बनता है और 15% वार्षिक ब्याज सहित वसूल होता है।

  2. क़ब्ज़े में रहने वाले भवन में प्रवेश के लिए धारा 292 के अनुसार क़ब्ज़ेदार को कितने समय का लिखित नोटिस ज़रूरी है?
    1. 48 घंटे
    2. 12 घंटे
    3. 7 दिन
    4. 24 घंटे
    उत्तर देखें

    उत्तर: (D) 24 घंटे

    धारा 292 — 24 घंटे का लिखित नोटिस और सहमति; सूर्योदय से सूर्यास्त के बीच।

  3. धारा 295 के अनुसार आपसी सहमति न बनने पर मुआवज़ा कौन तय करता है?
    1. कलेक्टर
    2. ज़िला न्यायाधीश
    3. स्थानीय निकाय निदेशक द्वारा नियुक्त/अधिकृत अधिकारी
    4. मुख्य नगरपालिका अधिकारी
    उत्तर देखें

    उत्तर: (C) स्थानीय निकाय निदेशक द्वारा नियुक्त/अधिकृत अधिकारी

    धारा 295(1); पीड़ित पक्ष दीवानी न्यायालय भी जा सकता है।

  4. 2026 के जन विश्वास अधिनियम का नगरपालिका अधिनियम के अध्याय 12 पर क्या असर हुआ?
    1. सभी जुर्माने समाप्त
    2. कुछ धाराओं में दोषसिद्धि पर जुर्माने की जगह शास्ति
    3. अतिक्रमण का कारावास समाप्त
    4. सभी कारावास समाप्त
    उत्तर देखें

    उत्तर: (B) कुछ धाराओं में दोषसिद्धि पर जुर्माने की जगह शास्ति

    अध्याय 12 की 12 धाराओं में जुर्माना → शास्ति; राशियाँ वही; अतिक्रमण का कारावास अछूता।

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